Daily Archive: February 28, 2017

एमिटी विश्वविधालय द्वारा संचालित पाठयक् रम को जानने पहुंचा आयरलैड के डबलिन सिटी विश् वविधालय का प्रतिनिधिमंडल

एमिटी विश्वविधालय द्वारा संचालित पाठयक्रम को जानने पहुंचा आयरलैड के डबलिन सिटी विश्वविधालय का प्रतिनिधिमंडल एमिटी विश्वविधालय द्वारा संचालित किये जा रहे पाठयक्रम एंव शोधार्थियों द्वारा किये जा रहे शोध की जानकारी प्राप्त करने आयरलैड के डबलिन सिटी विश्वविधालय के अध्यक्ष प्रो ब्रायन मैकक्रेथ के साथ डबलिन सिटी विश्वविधालय के विदेश मामलों के उपाध्यक्ष श्री ट्रेवोर होल्मस, एमिटी विश्वविधालय कैंपस नोएडा पहुंचे। इस अवसर पर एमिटी साइंस टेक्नोलाॅजी एंड इनोवेशन फांउडेशन के अध्यक्ष डा डब्लू सेल्वामूर्ती एंव इंटरनेशनल अफेयर डिविजन के वाइस प्रेसीडेंट विंग कंमाडर एस के गोयल ने अतिथियों का स्वागत किया। प्रतिनिधिमंडल के दोनों सदस्यों ने एमिटी यूनीवर्सीटी आॅनलाइन, सेंट्रल लाइब्रेरी, एमिटी स्कूल आॅफ कम्यूनिकेशन स्टूडियो, एमिटी इनोवेशन इंक्यूबेटर आदि का दौरा किया।

National Seminar Cum Training Programme on the theme “ Human Rights –Towards Equality” at Amity University

श्रीमती स्वाती मालीवाल ने कहा की समाज में बलात्कार की घटनाएं बढ़ती जा रही है, महिला के खिलाफ हो रहे अपराध के आंकडे तेजी से बढ़ रहे है। तीन पुलिस स्टेशनों पर अनुसंधान से यह आंकडे सामने आए है कि 2012 से लेकर 2014 के बीच 31,446 महिलाओं के साथ हो रहे अपराधों के मामले दर्ज हुए है जिनमें से केवल 1046 केसो की दोशसिद्धि हुई है। देखा जाए तो स्थिति कि सच्चाई यह है कि अपराध करने में किसी को डर नहीं लगता है क्योकि अपराधी के अनुसार देश की प्रणाली उसका कुछ नहीं बिगाड़ सकती है। यह समस्या केवल दिल्ली की नहीं यह समस्या पूरे देश की है। आप सभी लाॅ के छात्र है आप सभी इस बात को जानते है कि अगर जांच ही नहीं होगी तो किस प्रकार केस आगे बढ़ेगा। यह समस्या बड़ी है जिससे सुधारने कि जरूरत है जांच में ही समस्या है अगर नहीं होगी दोषसिद्धि भी नहीं हो पाऐगा। दिल्ली में केवल 1 फोरेंसिंक साइंस प्रयोगषाला है जिसमें 7500 नमूने विंलगित है जिसमें से 1500 नमूने खराब हो गए है यह नमूने सामूहिक बलात्कार, बच्चे के बलात्कार के हो सकते थे। नमूने खराब हुए क्योकि इतने सालों में किसी ने इस पर ध्यान नहीं दिया, हालाकि अब उच्च न्यायालय इस पर खास नज़र रख रही है। आज भी कठघरे में पीड़िता से प्रश्न किए जाते है इसके खिलाफ दिल्ली महिला आयोग लड़ाई लड़ रहा है।हम यह चाहते है कि महिला सुरक्षा पर किसी भी प्रकार कि राजनीती नहीं होनी चाहिए ताकी इन मुद्दों पर कुछ काम हो सके। राजधानी में रोजाना 6 बलात्कार होते ऐसे में क्या स्थिति है आप समझ रहे है। आप सभी लाॅ छात्रों पर खास जिम्मेदारी है कि आप जब वकील बनेगे तो इस प्रकार के मामलों पर खास ध्यान दे अगर आप इस जिम्मेदारी को सही प्रकार से निभाऐगे तो आप जीवन में खुश रहेगे। अगर पूरे दिन में एक काम भी आपने अच्छा किया होगा तो आपको सुकून मिलेगा। इस देश में महिला सुरक्षा पर कई कार्यक्रम होते है कई चर्चाओं का आयोजन होता है पर इन सब के अलावा जरूरत है कदम उठाने की। यह संबोधन दिल्ली महिला आयोग की चेयरपरसन श्रीमती स्वाती मालीवाल का एमिटी विश्वविधालय सैक्टर 125 नोएडा में था। एमिटी लाॅ स्कूल नोएडा, एमिटी लाॅ स्कूल सेंटर टू एंव नेशनल हयूमन राइटस कमीशन के सहयोग से आज ‘हयूमन राइटस -समानता की ओर’ विषय पर राष्ट्रीय संगोष्ठी सह प्रषिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया।
इस राष्ट्रीय संगोष्ठी का शुभारंभ दिल्ली महिला आयोग की चेयरपरसन श्रीमती स्वाती मालीवाल, लाॅ कमीषन आॅफ उत्तराख्ंाड के चेयरमेन जस्टिस राजेश टंडन, नेशनल लाॅ युनिवर्सिटी दिल्ली के वाइस चांसलर प्रोफेसर (डा) रणबीर सिंह, एमिटी लाॅ स्कूल के एक्टींग चेयरमैन डा डी के बंदोपाध्याय एंव एमिटी लाॅ स्कूल सेंटर टू के एडिशनल निदेशक डा आदित्य तोमर ने पारंपरिक दीप जलाकर किया।