Daily Archive: May 26, 2017

पुलिस उत्पीडन के खिलाफ खुदरा मीट व्यापारी फिर से करेंगे आन्दोलन सड़को पर

नोएडा, खुदरा मीट कारोबारियों के पुलिस उत्पीडन के खिलाफ मांस-मछली, मुर्गा-अण्डा खुदरा व्यापारी जन कल्याण समिति गौतमबुद्धनगर के पदाधिकारियों की बैठक सैक्टर-8 नोएडा कार्यालय पर आर0के0 नवी की अध्यक्षता में हुई बैठक का संचालन सीटू जिलाध्यक्ष गंगेश्वरदत्त शर्मा ने किया बैठक में मुख्य अतिथि /वक्ता के रूप में सी0पी0आई0(एम) पार्टी की वरिष्ठ नेता साहिबा फारूकी भी मौजूद रही है और उन्होंने भी समस्याओं को ध्यान से सुना और अपने सम्बोधन में उन्होंने प्रदेश की सरकार के अल्पसंख्यक व दलित विरोधी चरित्र को रेखाकिंत किया बैठक को सम्बोधित करते हुए नोएडा झुग्गी झोपड़ी संयुक्त पुर्नवास मंच के नेता शाहबुद्वीन ने कहा कि झुग्गी बस्ती/ गांव/काॅलोनी के मीट के दुकानदारों को नोएडा प्राधिकरण एन0ओ0सी0 नहीं दे रही है। जिसके चलते मीट दुकानदारों के लाईसेस नहीं बन रहे है और जो बने हुए है। उनको भी मान्यता नहीं दी जा रही है जबकि झुग्गी बस्ती व गांव के दुकानदार सभी शर्तो को पूरा करने को तैयार है बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि यदि नोएडा प्राधिकरण द्वारा एन0ओ0सी0 नहीं दी जायेगी तो नोएडा प्राधिकरण का घेराव किया जायेगा तथा पुलिस उत्पीडन के खिलाफ भी फिर से मोर्चा खोला जायेगा। बैठक में दिलशाद, उसमान मो0 शमशाद, मो0 इरशाद नसीम कुरेशी आस मोहम्द, मो0 शरीक यामीन गुलजार, दीपक जग्गु मो0 कलाम आदि ने हिस्सा लिया।

पशुओं के प्रति कूरता निवारण समिति के लिये गैर सरकारी सदस्यों को शासन करेगा नियुक्त-डीए म

नोएडा -जिलाधिकारी बीएन सिंह के द्वारा जनपद वासियों को जानकारी देते हुये उनका आहवान किया है कि शासन के निर्देश पर जनपद में पशुओं के प्रति कू्ररता निवारण समिति का गठन किया जाना प्रस्तावित है। गठित की जाने वाली इस समिति में राज्य सरकार के द्वारा 5 या 6 मानवतावादी/ पशु प्रेमी/पशु कल्याणकर्ता के रूप में जिलाधिकारी के संस्तुति के आधार चयन किया जायेगा। इसीप्रकार जनपद में कार्यरत पशु कल्याण संस्थाओं के दो प्रतिनिधि भी राज्य सरकार के द्वारा नामित किये जाने है।

इस सम्बन्ध में उन्होनें जनसामान्य का आहवान किया है कि जनपद के इच्छुक व्यक्ति या संस्था अपने पूर्ण विवरण क्षेत्रीय पशु चिकित्साधिकारी की संस्तुति सहित एक सप्ताह के भीतर मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी कार्यालय विकास भवन में जमा करा सकते है ताकि प्राप्त आवेदनों को संस्तुति करते हुये राज्य सरकार को स-समय भेजा जा सकें। डीएम ने यह भी बताया कि इस सम्बन्ध में अधिनियम या अन्य जानकारी प्राप्त करने के लिये मुख्य पशु चिकित्साधिकारी कार्यालय से सम्पर्क स्थापित किया जा सकता है।